Posts

Showing posts from December 4, 2025

मंत्री नेगी ने नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर को विशेषाधिकार हनन का नोटिस दिया

राज्य विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया को हिमाचल प्रदेश विधानसभा के शीतकालीन सत्र के सातवें दिन राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का नोटिस दिया है। राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का नोटिस राज्य विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया को दिया है। उन्होंने स्पीकर से शिकायत की है कि जयराम ठाकुर ने उनके विशेषाधिकार का हनन किया है और सदन में उनके खिलाफ आपत्तिजनक शब्द कहे हैं। नेगी ने कहा कि आपदा पर तीन दिनों तक चर्चा चली, जिसमें 19 सदस्यों ने भाग लिया। उन्हें बतौर मंत्री इस चर्चा का जवाब देना था। जब वह जवाब दे रहे थे तो नेता प्रतिपक्ष सदन से बाहर थे। वह अचानक आए और उन पर आपत्तिजनक शब्दों में टिप्पणी करने लगे। इसके बाद भाजपा विधायक दल सदन से बाहर चला गया। नेगी ने कहा कि उन्हें विपक्ष के नेता जयराम ठाकुर के इस व्यवहार पर आपत्ति है। उन्होंने विशेषाधिकार हनन के तहत कार्रवाई मांगी है।  केंद्रीय योजनाओं का लाभ उठाने में आड़े आ रहे जनगणना के पुराने आकंड़े : विक्रमादित्य लोक निर्माण मंत्री विक्...

हिमाचल विधानसभा : - उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि एकमुश्त बजट सीवरेज योजनाओं को लागू नहीं कर सकता

वीरवार को प्रश्नकाल के दौरान विधायक केवल सिंह पठानिया, सतपाल सिंह सत्ती और बलवीर वर्मा ने सीवरेज योजनाओं के लिए बजट नहीं मिलने का मुद्दा उठाया। जिस पर उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि सीवरेज योजनाओं को एक बार में बजट नहीं मिल सकता है। उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि सीवरेज योजनाओं को एकमुश्त बजट जारी नहीं हो सकता। नाबार्ड के तहत विधायक प्राथमिकता में ऐसे निर्माण शामिल करने चाहिए। राज्य के कोष पर विधायक निर्भर ना रहें। धीरे-धीरे पैसा जारी होने के कारण 15-20 साल में काम पूरे हो रहे हैं। वीरवार को प्रश्नकाल के दौरान विधायक केवल सिंह पठानिया, सतपाल सिंह सत्ती और बलवीर वर्मा ने सीवरेज योजनाओं के लिए बजट न मिलने का मामला उठाया। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि केंद्र सरकार से उदार वित्तीय सहायता मिली तो अगले बजट में प्रावधान किए जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि ऊना के पीजीआई सेंटर के लिए पर्यावरण मंजूरी हमारी सरकार ने दिलाई है। जो भी केंद्र सरकार की योजनाएं हैं, उनमें हमसे कमिटमेंट ली जाती है कि आपको तभी पैसा दिया जाएगा, जब आप इन-इन चीजों के लिए पैसा जमा करवाएंगे।...

विधानसभा ने प्रस्ताव पारित किया कि मेयर और डिप्टी मेयर का कार्यकाल पांच साल का होगा।

वीरवार को, विधानसभा के शीत सत्र के सातवें दिन, नगर निगम द्वितीय संशोधन विधेयक 2025 को पारित करने का प्रस्ताव सदन में पेश किया गया। हिमाचल प्रदेश विधानसभा के शीत सत्र के सातवें दिन वीरवार को नगर निगम द्वितीय संशोधन विधेयक 2025 को पारित करने का प्रस्ताव सदन में रखा गया। इसके तहत नगर निगम के महापौर और उप महापौर के कार्यकाल को बढ़ाकर पांच साल कर दिया जाएगा। विपक्ष की गैरहाजिरी में इस विधेयक को सदन में ध्वनिमत से पारित कर दिया गया। भाजपा विधायक दल इससे पूर्व प्रश्नकाल के बाद ही सदन से वाकआउट कर गया था। विक्रमादित्य सिंह ने किया द्वितीय संशोधन विधेयक 2025 को पारित करने का प्रस्ताव विक्रमादित्य सिंह ने गुरुवार को सदन में हिमाचल प्रदेश नगर निगम द्वितीय संशोधन विधेयक 2025 को पारित करने का प्रस्ताव किया। इस संशोधन के तहत नगर निगम के महापौर और उपमहापौर की पदावधि मौजूदा ढाई वर्ष से बढ़ाकर पांच वर्ष कर दी गई है। यह संशोधन हिमाचल प्रदेश नगर निगम अधिनियम 1994 की धारा 36 में बदलाव के रूप में लाया गया है।  विधानसभा में प्रस्तुत विवरण के अनुसार ढाई वर्ष की अवधि महापौर और उपमहापौर को नगर निगम के विका...

विदेश दौरे पर मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि चाय का पैसा भी कार्ड से दिया गया था

भाजपा विधायक विपिन सिंह परमार ने प्रश्नकाल के बाद मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू से पूछा कि विदेश यात्रा उनका निजी दौरा था। बेटी के दाखिले के दौरान वह विदेश गया था। उनका दावा था कि चाय, टिकट और ठहरने का भुगतान सब इंटरनेट पर किया गया है। प्रश्नकाल के बाद मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने अपनी विदेश यात्रा पर कहा कि यह उनका निजी दौरा था। वह बेटी के दाखिले के सिलसिले में विदेश गए थे। उन्होंने कहा कि चाय, टिकट, ठहरने के भुगतान सब ऑनलाइन दिया है। हालांकि, विधानसभा सदस्यों को निजी दौरे के लिए भी सुविधाएं मिलती हैं, पर उन्होंने नहीं लीं। सारा विदेश दौरा उनके निजी खर्च पर ही हुआ। सीएम ने कहा कि उन्होंने चाय का पैसा भी अपने कार्ड से दिया, क्योंकि वहां कार्ड से ही पैसा कटता है। सुक्खू ने बीते दिन भाजपा विधायक विपिन सिंह परमार की ओर से लगाए गए एक तारांकित प्रश्न के उत्तर में यह बात कही। वह चाहते हैं कि जब विधायकों के परिवार यात्रा पर जाते हैं तो वे भी अपने पैसे खर्च करें। उस समय इस बारे में सोशल मीडिया में काफी चर्चाएं हो रही थीं। इस पर नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने भी कहा कि यह प्रश्न सी...

सैनिक स्कूल सुजानपुर में बारहवीं कक्षा में पढ़ने वाले छह छात्रों पर पाक्सो कानून में केस दर्ज

सैनिक स्कूल सुजानपुर टिहरा में आठवीं कक्षा में एक विद्यार्थी ने रैगिंग की शिकायत की है। छात्र के पिता ने पुलिस को ईमेल से शिकायत दी है। हिमाचल प्रदेश के सैनिक स्कूल सुजानपुर टिहरा में आठवीं कक्षा के छात्र के साथ रैगिंग का मामला सामने आया है। ईमेल के जरिये छात्र के पिता ने पुलिस को शिकायत दी है। वहीं सुजानपुर थाना पुलिस ने विभिन्न धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज छानबीन शुरू कर दी है। पीड़ित छात्र चंबा जिले का निवासी है। छात्र ने अपने स्कूल के 12वीं कक्षा के छह सीनियर छात्रों पर  रैगिंग करने और आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप लगाए हैं। छात्र ने पुलिस को दी शिकायत में कहा है कि आरोपी छात्र उसके साथ अश्लील हरकतें करते थे और उसके साथ मारपीट भी की गई है। जब उसने इसके बारे में वार्डन को बताया तो उन्होंने मारपीट और गाली-गलौज की। आरोपियों ने उसे 45 मिनट तक मुर्गा बनाए रखा और यह कई दफा किया। रैगिंग एक्ट और पाॅक्सो एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस अधीक्षक हमीरपुर बलवीर सिंह ठाकुर ने कहा कि मामले में सुजानपुर थाना पुलिस जांच कर रही है।

डंगे से गिरकर एक बुजुर्ग महिला की मौ-त, जो खेतों में लहसुन की सिंचाई करने गई थी

हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले में एक महिला ने डंगे से गिरकर अपनी जान खो दी। प्राप्त जानकारी के अनुसार, मीरा घर के बाहर अपनी जमीन पर लहसुन की सिंचाई कर रही थी। उस समय वह पाईप खींचने लगी, जिससे वह डंगे से लगभग 15 फीट नीचे गिर गई। भराड़ी उपतहसील के तहत घंडालवीं पंचायत के कामली गांव में डंगे से गिरकर महिला की मौत हो गई। महिला की पहचान मीरा देवी (62 ) निवासी गांव कामली के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार मीरा देवी घर से थोड़ी अपनी जमीन में लहसुन की सिंचाई कर रही थी। इसी दौरान जैसे ही वह पाईप खींचने लगी, अचानक हादसे में वह डंगे से करीब 15 फीट नीचे गिर गई। हादसे के चलते मीरा देवी को सिर में गंभीर चोटें आई। परिजन उसे भराड़ी अस्प्ताल ले गए। जहां से उसे घुमारवीं रेफर के दिया गया। घुमारवीं अस्पताल में चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मीरा देवी बेहद मिलनसार स्वभाव की थी। उनकी मौत से गांव में शोक की लहर है। क्षेत्र के लोगों ने मीरा देवी की मौत पर शोक जताया है।

विपक्षी नेता ने कहा कि हिमाचल प्रदेश के लोग अगले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को ऑल्टो करेंगे

भारतीय जनता पार्टी की धर्मशाला रैली में नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने प्रदेश सरकार पर हमला बोला। उनका कहना था कि सरकार पहले दिन से ही हिमाचल प्रदेश की संपत्ति बेचने का प्रयास कर रही है। भारतीय जनता पार्टी द्वारा आयोजित रैली को संबोधित करते हुए नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि तीन साल के कार्यकाल में इस सरकार के पास बताने के लिए एक भी योजना नहीं हैं। जनता तो  दूर की बात है कांग्रेस के विधायकों को भी किसी योजना का नाम याद नहीं है। क्योंकि एक भी योजना चलाई नहीं है तो नाम कहां से बताएंगे? सरकार ने हमारी सरकार द्वारा चलाई गई दर्जनों योजनाएं बंद कर दी हैं। आज कांग्रेस के विधायक प्रदेश के लोगों से नजरें नहीं मिला पाते हैं, उनके फोन नहीं उठा सकते हैं। क्योंकि प्रदेश के लोग कहते हैं कि अपनी योजना नहीं चलानी तो मत चलाओ, लेकिन पुरानी तो बंद मत करो। प्रदेश के लोग कहते हैं कि हिमकेयर से इलाज तो होने दो, शगुन और कन्यादान से हमारी बेटियों का विवाह तो होने दो। गृहणी सुविधा के हमारे सिलेंडर न छीनो, स्वावलंबन का स्वरोजगार न छीनो। सहारा योजना छीनकर बेसहारा मत करो। नए स्कूल, कॉलेज नहीं देना तो मत...

HRTC कंडक्टरों के वेतनमान में विसंगति दूर होगी, क्लर्कों को समान वेतन देने के निर्देश

24 अक्तूबर 2013 को न्यायाधीश ज्योत्सना रिवॉल दुआ की अदालत ने एचआरटीसी को कंडक्टरों को भी 1 अक्टूबर 2012 से 1 जनवरी 2016 तक क्लर्कों को दिए गए समान वेतनमान देने का आठ सप्ताह के भीतर कार्यालय आदेश जारी किया। हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने कंडक्टरों के वेतनमान में विसंगति को दूर करते हुए क्लर्को के समान वेतन लाभ देने का निर्देश दिए हैं। न्यायाधीश ज्योत्सना रिवॉल दुआ की अदालत ने एचआरटीसी को आठ सप्ताह के भीतर 24 अक्तूबर 2013 के कार्यालय आदेश के तहत 1 अक्टूबर 2012 से 1 जनवरी 2016 तक की अवधि के दौरान क्लर्कों को दिए गए समान वेतनमान को कंडक्टरों के लिए भी जारी करने का निर्देश दिया है। यह मामला ट्रेड यूनियन्स एक्ट 1926 के तहत पंजीकृत एक यूनियन द्वारा अपने सदस्यों (एचआरटीसी कंडक्टरों) के वेतनमान में विसंगति के संबंध में दायर किया गया था। याचिका में बताया गया कि 1978 से लेकर 2006 तक पांचवें वेतन पुनरीक्षण तक, एचआरटीसी में कंडक्टर और क्लर्क दोनों के पद एक ही वेतनमान पर थे। समस्या 1 अक्तूबर 2012 से उत्पन्न हुई जब राज्य सरकार ने 27 सितंबर 2012 को एक अधिसूचना जारी कर राज्य में कुछ पदों, जिसमें क्लर्क शामि...

जोरावर स्टेडियम में भारी भाजपा के सामने अनुराग ने कहा कि कांग्रेस के पांव उखड़ने लगे हैं

भाजपा ने जोरावर स्टेडियम धर्मशाला में व्यवस्था के पतन के तीन साल, बदलो-बदलो भ्रष्ट कांग्रेस सरकार... के नारे के साथ व्यापक प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं के यहां आने से तपोवन का ताप बढ़ गया:  जयराम ठाकुर रैली में नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि कार्यकर्ताओं के यहां आने से तपोवन का ताप बढ़ गया है। जब सत्र में मुख्यमंत्री प्रवेश करते हैं तो हम राधे-राधे कहते हैं, इसपर मुख्यमंत्री भी एक कार्यक्रम में राधे-राधे कहने लगे हैं। मुख्यमंत्री कहते थे कि वहां कांग्रेस जीती जहां 97 फीसदी हिंदू हैं।  कहा कि अगली बार जब प्रदेश में विधानसभा चुनाव होगा तो पूरी कांग्रेस ऑल्टो कार में फिट हो जाएगी। सरकार तीन साल में तीन योजनाओं की बात तो करे। सहारा और शगुन योजना का पैसा नहीं मिल रहा। हिमकेयर का लाभ तक नहीं मिल रहा। इन तीन साल में जिक्र होता है, मुख्यमंत्री को समोसा नहीं मिला, जंगली मुर्गे का।  साढ़े पांच हजार करोड़ रुपये का प्रदेश सरकार हिसाब नहीं दे रही और 1500 करोड़ नहीं मिलने का राग अलाप रही।  धर्मशाला में केंद्रीय विश्वविद्यालय के लिए 30 करोड़ तक जमा नहीं कर पा रही। पालमपुर कृषि...

सीएम सुक्खू ने कहा कि तीन साल में 21 हजार कर्मचारियों ने सेवानिवृत्ति पर ओपीएस को चुना।

  सीएम ने कहा कि हमारी सरकार ने पहली कैबिनेट में 1.36 लाख कर्मियों को ओपीएस दिया था। केंद्र सरकार ने पहले हिमाचल प्रदेश पर 1,600 करोड़ रुपये की अतिरिक्त उधार सीमा बंद कर दी, जो इसका वित्तीय प्रभाव था। सीएम ने बताया कि अभी 5,356 कर्मचारियों को ओपीएस मिल रहा है। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने विधानसभा सदन में नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के सवाल का जवाब दिया। सीएम ने कहा कि पहली कैबिनेट में 1.36 लाख कर्मियों को हमारी सरकार ने ओपीएस दी। इसका वित्तीय असर सबसे पहले यह पड़ा कि केंद्र सरकार ने हिमाचल की 1,600 करोड़ की अतिरिक्त उधार सीमा बंद कर दी। सीएम ने कहा कि 5,356 कर्मचारियों को अभी ओपीएस दे रहे हैं। जैसे-जैसे कर्मचारी सेवानिवृत्त होते जाएंगे, सरकारी खजाने पर बोझ बढ़ता जाएगा। कहा कि हमने कर्मचारियों को ओपीएस राजनीतिक लाभ के लिए नहीं दी, उनकी सामाजिक सुरक्षा के मद्देनजर पहली कैबिनेट में पुरानी पेंशन लागू करने का फैसला लिया। कहा कि तीन साल में कुल 21 हजार कर्मचारियों ने सेवानिवृत्त होने पर एनपीएस की जगह ओपीएस को चुना है। सीएम ने कहा कि लंदन में बेटी के दाखिले के लिए अपने खर्च पर ग...

हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने कहा कि 800 पदों पर डीपीसी से प्रिंसिपल और हेड मास्टरों को पदोन्नत दिया जाएगा

हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को आदेश दिया कि 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त होने वाले याचिकाकर्ता लेक्चरों को 23 दिसंबर तक पदोन्नत दिया जाए। हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को प्रिंसिपल के 800 पदों पर डीपीसी के माध्यम से लेक्चरों और हेड मास्टरों को पदोन्नत करने का आदेश दिया है। न्यायाधीश ज्योत्सना रिवाल दुआ की अदालत ने राज्य सरकार को आदेश दिया कि 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त होने वाले याचिकाकर्ता लेक्चरों को 23 दिसंबर तक पदोन्नत किया जाए। आदेशों की अनुपालन सरकार को 26 दिसंबर तक करनी होगी। याचिकाकर्ता 1999 और 2000 से लेक्चरर के पद पर तैनात हैं। इनमें से कुछ दिसंबर 2025 और कुछ मार्च 2026 में बिना पदोन्नति के सेवानिवृत्त हो रहे हैं। याचिकाकर्ताओं के वरिष्ठ अधिवक्ता ने अदालत को बताया कि डीपीसी न होने की वजह से उन्हें 25 वर्षों के कार्यकाल के दौरान एक बार भी पदोन्नति नहीं मिली है। पिछले दो वर्षों से विभाग ने डीपीसी आयोजित नहीं की है, जिसकी वजह से उन्हें अपने कार्यकाल के दौरान पदोन्नति और वित्तीय लाभ से वंचित रहना पड़ रहा है। नियमों के तहत साल में दो बार डीपीसी करवाना जरूरी है। प्रिंसिप...

विरोध के बीच सीजे को रेरा चयन समिति का अध्यक्ष बनाने का विधेयक पारित

मुख्यमंत्री सुक्खू की प्रतिक्रिया के बाद विपक्ष ने सदन में हंगामा करना शुरू किया, जिससे भाजपा विधायक दल सदन से बाहर चला गया। रेरा अध्यक्ष और सदस्यों की चयन समिति के अध्यक्ष के रूप में मुख्य न्यायाधीश के स्थान पर मुख्य सचिव को नामित करने के संशोधन विधेयक को बुधवार विपक्ष के भारी विरोध के बाद पारित कर दिया गया। चर्चा के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच खूब नोकझोंक हुई। मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष भी आमने-सामने हुए। मुख्यमंत्री सुक्खू की जवाबी टिप्पणी के बीच विपक्ष ने सदन में हंगामा शुरू किया और नारेबाजी करता हुआ भाजपा विधायक दल सदन से बाहर चला गया। भाजपा विधायक रणधीर शर्मा ने कहा कि यह जो केंद्र सरकार के एक्ट में संशोधन लेकर आए हैं, यह कैसे किया जा सकता है। मुख्य सचिव अगर आवेदक हो तो उसका सचिव स्तर का अधिकारी कैसे इंटरव्यू कर सकता है। इसे सरकार संशोधित नहीं कर सकती है। न्यायपालिका से टकराव सही नहीं। उन्हें नहीं पता कि किसके लिए यह एक्ट ला रहे हैं। भाजपा विधायक त्रिलोक जमवाल ने कहा कि इस प्रावधान के बाद सरकार किसी को भी अपने तरीके से नामित करेगी। यह संशोधन कानून संगत नहीं है। इधर, नगर ...