महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के तहत प्रदेश में 1,71,841 अतिरिक्त कार्यों की घोषणा की गई है, जो वित्तीय वर्ष 2025 से 26 तक चलेंगे। हिमाचल प्रदेश में वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के तहत 1,71,841 स्पिल ओवर कार्य चिह्नित किए गए हैं। ये वे कार्य हैं जो पिछले वित्तीय वर्षों में स्वीकृत तो हुए, लेकिन विभिन्न कारणों से समय पर पूरे नहीं हो सके और अब चालू वर्ष में आगे बढ़ाए जा रहे हैं। यह खुलासा केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय की हिमाचल प्रदेश में मनरेगा कार्यों पर जारी रिपोर्ट में हुआ है। इस रिपोर्ट के अनुसार, स्पिलओवर कार्यों में सबसे बड़ी संख्या व्यक्तिगत भूमि पर कार्यों की है, जो 1,46,653 तक पहुंच गई है। इसके अलावा ग्रामीण संपर्क से जुड़े 11,110, भूमि विकास के 3,336, जल संरक्षण एवं जल संचयन के 2,651 और पारंपरिक जल स्रोतों के जीर्णोद्धार के 295 कार्य शामिल हैं। इस जिले में सबसे अधिक कार्य शामिल बाढ़ नियंत्रण एवं संरक्षण से संबंधित 4,305 कार्य भी इस सूची में हैं। इसमें मंडी जिला सबसे आगे है, जह...